इलाज के अभाव में छिन गई युवक की जिंदगी,प्रशासन मौन

मुफलिसी के कारण नही हो पाया बेहतर इलाज, इलाज मिलता तो बच जाती जिंदगी
मृत्यू के पश्चात भी परिजनों से झगड़ते नजर आया मोजूदा स्टाफ
अमित सिंह कुशवाह/भिण्ड
भिण्ड 31अगस्त। मुफलिसी किस प्रकार एक परिवार को बिखेर कर रख देती इसका अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि मजदूरी कर अपने परिवार की जिम्मेदारी उठाने वाले युवक को बेहतर इलाज न मिल पाने के कारण उसे जिंदगी छोड़नी पड़ी बता दें कि शहर कोतवाली थाना अंतर्गत बड़ी माता मंदिर के पास रहने वाली मृतक युवक की माँ शहीदन ने बताया कि उसके बेटे ललुश उम्र 28 वर्ष को विगत दो दिन से बुखार आ रहा था जिसको लेकर 30 अगस्त की दोपहर करीब 2 बजे जिला अस्पताल में भर्ती कराया लेकिन डॉ के न होने के कारण उसे समय पर उपचार नही मिल पाया जिसके कारण उसकी जान चली गई गौर करने वाली बात यह है कि युवक की मृत्यु हो जाने के पश्चात भी वहाँ पर मौजूद स्टाफ परिजनों को समझाने की वजह उन से बत्तमीजी करते नजर आए।
बेहतर इलाज न मिल पाने के कारण आए दिन जा रही मरीजो की जान
जिला अस्पताल का चिकित्सास्तर दिन प्रतिदिन गिरता ही जा रहा है आलम यह है कि गंभीर मरीज का इलाज करने कोशिश करने की वजाय डॉ मरीज को ग्वालियर के लिए भेज देते हैं लिहाजा मरीज ग्वालियर पहुँचने से पहले ही दम तोड़ देते हैं इतना ही नहीं कुछ मरीज तो एम्बुलेंसो के अभाव में भी मर जाते हैं।
करोड़ो रूपये खर्च, लेकिन फिर भी नही बदली जिला अस्पताल की स्थिति
बता दें कि आए दिन जिला अस्पताल के बेहतरिकरण के लिए करोड़ों रुपए का फंड आता रहता है।इसके बावजूद भी जिला अस्पताल प्रबंधन,डॉ,और स्टाफ ने एक तरीका अपना रखा है कि मरीज की तबियत ज्यादा खराब है ग्वालियर ले जाओ क्या आज इतने सालों बाद भी भिण्ड जिला अस्पताल इस काबिल नही हो पाया कि गंभीर मरीजो का इलाज हो सके लेकिन यही मरीज डॉ के प्राइवेट क्लीनिक पर जाते हैं तो उनका बेहतर इलाज किया जाता हैं।इससे स्पष्ट है कि डॉ और स्टाफ जानबूझकर मरीजो को ग्वालियर के लिए रेफर करते हैं।जिला अस्पताल मरीजो की जिंदगी का नही मौत का अस्पताल बन कर रह गया है।
इनका कहना है
जिला अस्पताल की स्थिति दिन प्रतिदिन बिगड़ती जा रही है जिसको लेकर हमने प्रभारी मंत्री को ज्ञापन देना चाहा उन्होंने लेने से मना कर दिया बहुत जल्द कांग्रेस इन समस्याओं को लेकर जंगी आंदोलन करेगी
मानसिंह कुशवाह
जिलाध्यक्ष कांग्रेस कमेटी भिण्ड

